ALL करंट अफेयर्स राजनीति क्राइम खेल धर्म-संस्कृति हेल्थ खरीदारी-सिफारिश बातचीत सप्तरंग
कविता
August 5, 2020 • Naresh Rohila • सप्तरंग

 अवधपति राजा राम 

    सुशीला रोहिला, सोनीपत 

 

पांच अगस्त की बेला 

रच रही पांच सौ वर्षों 

का एक नया इतिहास 

रामजन्म धरा पर हो 

रहा राममंदिर का निर्माण 

बरसों की मुरादें सबकी

चित्त में एक नया सवेरा

लाई अटल मुरली मनोहर 

का संकल्प मोदी की थी

प्रतिज्ञा कदम अयोध्या में 

पड़ेंगे जब राममंदिर बनवाऊं 

उत्साह का पर्व राममंदिर

उल्लासित है सब नर -नारी 

अवध सजी ज्यों सिया माई 

पिया मिलन की ऋतु आई

नभ -गगन हर्षित चहूंओर

बज रहे मृदंग और ढोल

राम की आत्मा सब

प्राणों में रम रही राम

की वाणी पुन बोल रही

एक गुप्त मत का इशारा 

हाथ जोड़ सबको पुकारा 

शंकर भजन जानो भाई   

यही है मेरा सबसे कहना

अयोध्या नगरी हुई धन्य

रामलल्ला होगा अपने मंदिर 

राम का नाम जानना भक्ति 

का अमिट अनमोल खजाना 

रामनाम ही है एक माला 

घट में भी खोजो भाई  

सद्गुरु का है कहना